झांसी। जनपद में अवैध खनन और ओवरलोडिंग के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए जिलाधिकारी गौरांग राठी ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा है कि आवंटित क्षेत्र के बाहर खनन, नदी की मुख्यधारा में खनन और खनिजों की कालाबाजारी में संलिप्त माफियाओं पर सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि बालू, मौरंग और गिट्टी जैसे खनिज आम जनता से सीधे जुड़े हैं। इनकी कालाबाजारी कर कृत्रिम अभाव पैदा करना गंभीर अपराध है। प्रशासन का लक्ष्य है कि आम लोगों को उचित दर पर खनिज उपलब्ध हों और बाजार में पारदर्शिता बनी रहे।

छापेमारी में बड़ा खुलासा:
जिलाधिकारी के निर्देश पर एसडीएम टहरौली गौरव आर्य के नेतृत्व में खनिज, पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने ग्राम कुकरगांव (बेतवा नदी क्षेत्र) में छापेमारी की।
जांच में सामने आया कि स्वीकृत खनन पट्टों के बाहर अवैध खनन किया जा रहा था,दो अलग-अलग पट्टा क्षेत्रों की माप एवं निरीक्षण किया गया और कई स्थानों पर नियमों का उल्लंघन पाया गया।
मैसर्स पीएसए कॉन्ट्रेक्टर एलएलपी (दिल्ली),मेसर्स परिहार कन्स्ट्रक्शन (झांसी) दोनों के पट्टा क्षेत्रों की जांच में अनियमितताएं पाई गईं, जिन पर सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984,उत्तर प्रदेश उप खनिज नियमावली 2021 के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
कार्रवाई में उपजिलाधिकारी टहरौली,खान अधिकारी,तहसीलदार टहरौली,क्षेत्राधिकारी पुलिस और खनिज प्रवर्तन दल अधिकारी शामिल रहे।
