झांसी। रेलवे संपत्ति चोरी के मामले में अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रेलवे/पीठासीन अधिकारी प्रतीक त्रिपाठी की अदालत ने तीन आरोपियों को दोषसिद्ध करते हुए दो-दो वर्ष के साधारण कारावास और पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा न करने पर दोषियों को 20-20 दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

अदालत ने धारा-3 रेल संपत्ति (विधि विरुद्ध) कब्जा अधिनियम, 1966 के तहत संजय कुशवाहा निवासी बरूआपुरा थाना रक्सा, छोटू साहू निवासी दीनदयाल नगर थाना सीपरी बाजार और पंकज वर्मन निवासी मसीहागंज थाना सीपरी बाजार को दोषी ठहराया।
मामला वर्ष 2012 से रेलवे न्यायालय में विचाराधीन था। अभियोजन के अनुसार 31 मई 2012 को खातीबाबा रोड, दीनदयाल नगर स्थित मां जगदंबा स्क्रैप नामक कबाड़ की दुकान से करीब एक टन रेलवे संपत्ति बरामद की गई थी। बरामद रेलवे संपत्ति की अनुमानित कीमत करीब 35 हजार रुपये थी।
मामले में रेलवे सुरक्षा बल थाना आरपीएफ पोस्ट स्टोर झांसी में मुकदमा दर्ज किया गया था।मामले में सरकार की ओर से वरिष्ठ अभियोजन अधिकारी सुरेंद्र कुमार तिवारी और भूपेश सिंह ने पैरवी की।
