झांसी । शिक्षा व्यवस्था में सुधार, प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित पेपर लीक की निष्पक्ष जांच, छात्रों के अधिकारों की रक्षा और लद्दाख को छठी अनुसूची में शामिल करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर छात्रों और अधिवक्ताओं ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।

ज्ञापन में कहा गया कि नीट, एसएससी और सीयूईटी सहित कई प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और अनियमितताओं के आरोपों से करोड़ों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। प्रदर्शनकारियों ने परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाने, जिम्मेदारी तय करने और देश में समान शिक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की।
इसके साथ ही जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की निष्पक्ष जांच, घायल छात्रों को मुआवजा और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग भी उठाई गई। प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े मानसिक तनाव के कारण जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को आर्थिक सहायता देने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही।
छात्रों और अधिवक्ताओं ने शिक्षा, सामाजिक न्याय और छात्रों के अधिकारों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की।
