झांसी। थाना प्रेमनगर क्षेत्र के शिवालय नगर, राजगढ़ निवासी मनीष यादव की संदिग्ध मौत के मामले में परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से निष्पक्ष जांच की मांग की है। बुधवार को मृतक के परिजन एसपी कार्यालय पहुंचे और मामले की दोबारा जांच कराने की मांग उठाई।
मृतक की बड़ी बहन सुरभि यादव ने बताया कि 15 जून की रात मनीष यादव घर पर खाना खाने के बाद एक फोन आने पर बाहर गए थे। देर रात तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने उनसे संपर्क करने का प्रयास किया। परिवार का कहना है कि रात करीब 10-11 बजे मनीष ने अपनी मां से फोन पर कहा था कि वह घर आ रहे हैं, लेकिन इसके बाद उनका फोन नहीं उठा। अगले दिन उनके मोबाइल पर किसी अज्ञात व्यक्ति ने फोन उठाकर परिजनों को राजगढ़ आने के लिए कहा, जहां उन्हें मनीष की मौत की जानकारी मिली।
परिजनों का आरोप है कि जब तक वे घटनास्थल पर पहुंचे, तब तक शव को पैक किया जा चुका था। परिवार का कहना है कि मनीष का पारिवारिक और व्यावसायिक जीवन सामान्य था, इसलिए उन्हें आत्महत्या की आशंका नहीं लगती। सुरभि यादव ने दावा किया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चार से पांच फ्रैक्चर का उल्लेख है, जिससे परिवार का संदेह और गहरा हुआ है।

परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने मामले की गंभीरता से जांच नहीं की, न ही मृतक के मोबाइल की कॉल डिटेल और अंतिम संपर्कों की पर्याप्त पड़ताल की गई। उन्होंने निष्पक्ष जांच और मामले के जल्द खुलासे की मांग की है। वहीं, पुलिस की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
