झांसी। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग प्रयागराज द्वारा आयोजित प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक (टीजीटी)-2022 की लिखित परीक्षा गुरुवार को जिले के छह परीक्षा केंद्रों पर शांतिपूर्ण एवं नकलविहीन वातावरण में संपन्न हुई। परीक्षा की निगरानी आयोग द्वारा नामित ऑब्जर्वर कुमुदलता श्रीवास्तव ने की। उन्होंने परीक्षा से पूर्व कोषागार से प्रश्नपत्रों को परीक्षा केंद्रों तक सुरक्षित पहुंचाने की व्यवस्था की जानकारी भी ली।

ऑब्जर्वर ने अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) शिव प्रताप शुक्ल, पुलिस अधीक्षक नगर प्रीति सिंह तथा अन्य अधिकारियों के साथ विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान कमांड कंट्रोल रूम, सीसीटीवी कैमरों, वॉइस रिकॉर्डिंग व्यवस्था, विद्युत, पेयजल, शौचालय एवं सुरक्षा प्रबंधों का जायजा लिया गया। अधिकारियों ने कक्षाओं में लगे सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से परीक्षा की गतिविधियों की भी निगरानी की।
निरीक्षण के दौरान ऑब्जर्वर कुमुदलता श्रीवास्तव ने स्पष्ट किया कि परीक्षा में किसी भी प्रकार की नकल या फर्जी अभ्यर्थी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने प्रवेश पत्रों और पहचान संबंधी दस्तावेजों की गहन जांच के बाद ही अभ्यर्थियों को प्रवेश देने के निर्देश दिए। महिला अभ्यर्थियों की तलाशी महिला शिक्षिकाओं द्वारा कराए जाने पर भी विशेष जोर दिया गया।
परीक्षा नोडल अधिकारी एवं अपर जिलाधिकारी शिव प्रताप शुक्ल ने बताया कि प्रथम पाली में 2120 अभ्यर्थी पंजीकृत थे, जिनमें से 975 उपस्थित और 1145 अनुपस्थित रहे। वहीं द्वितीय पाली में 1937 अभ्यर्थियों में से 1005 उपस्थित हुए, जबकि 932 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल नहीं हुए। इस प्रकार दोनों पालियों में कुल 2077 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे।
उन्होंने बताया कि परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहा तथा सभी स्टेटिक और सेक्टर मजिस्ट्रेट लगातार निगरानी करते रहे। जनपद में लागू धारा-163 का भी सख्ती से पालन कराया गया। परीक्षा के शांतिपूर्ण एवं सफल आयोजन पर अपर जिलाधिकारी ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को बधाई दी।
