झांसी । झांसी के स्वास्थ्य विभाग द्वारा 01-19 वर्ष तक के सभी बच्चों को कृमि संक्रमण से बचाने के लिए राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का आयोजन शिक्षा विभाग एवं आईसीडीएस विभाग के सहयोग से किया गया।

डॉ सुधाकर पांडेय मुख्य चिकित्सा अधिकारी झांसी की अध्यक्षता में एलन हाउस पब्लिक स्कूल बिजौली झांसी में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस आयोजित किया गया। विस्तृत जानकारी देते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि प्रत्येक वर्ष 10 फरवरी एवं 10 अगस्त को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस मनाया जाता है। 6 महीने के अंतराल पर 1 वर्ष से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों को पेट के कीड़े मारने की गोली एल्बेंडाजोल खिलाई जाती है।

पेट के कीड़ों के संक्रमण से बच्चों की प्रतिरोधक क्षमता कम होती है। बच्चों के पोषण स्तर में कमी आती है एवं बच्चों में एनीमिया हो जाता है, जिसके लिए अत्यंत आवश्यक है कि कृमि नियंत्रण हेतु बच्चों को एल्बेंडाजोल की गोली खिलाई जाए।
नोडल अधिकारी डॉ रमाकांत स्वर्णकार जिला सर्विलांस अधिकारी ने बताया कि फरवरी 2026 में 933000 बच्चों को एक साथ एल्बेंडाजोल की गोली खिलाई जा रही है। आज जिन बच्चों ने गोली नहीं खाई है अथवा जो आज अनुपस्थित रहे हैं, उन सभी बच्चों को आगामी दिनांक 13 फरवरी 2026 को माॅपअप दिवस पर एल्बेंडाजोल की गोली खिलाई जाएगी। यह कार्यक्रम समस्त शासकीय, शासकीय सहायता प्राप्त, निजी विद्यालयों, मदरसों एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों पर आयोजित किया गया।
अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ एन के जैन ने बताया कि डिवर्मिंग से बच्चों की प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि होती है, उनके पोषण स्तर में सुधार होता है।
कार्यक्रम में पावर पॉइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डॉ विजयश्री शुक्ला ने कृमि संक्रमण से बचाव के तरीके, स्वच्छ आदतें, एनीमिया को दूर करने हेतु आयरन युक्त आहार आदि के विषय में विस्तार से जानकारी दी ।
डीईआईसी मैनेजर डॉ रामबाबू कुमार ने बताया कि कृमि संक्रमण के लिए एकमात्र सुरक्षित और लाभकारी डिवर्मिंग टैबलेट एल्बेंडाजोल 400मिग्रा का उपयोग किया जाता है।
राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के सफल संचालन हेतु विभाग द्वारा समस्त अपर व उप मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को नोडल अधिकारी के रूप में प्रत्येक विकासखंड में ड्यूटी लगाई गई, जिनके द्वारा नामित ब्लॉक एवं नगर क्षेत्र में भ्रमण किया गया व कार्यक्रम की मॉनिटरिंग की गई।
