झांसी 29 अप्रैल । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की “ मन की बात ” कार्यक्रम के 100 वें संस्करण को भव्य रूप देने में भाजपा कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती है। इसी क्रम में महारानी लक्ष्मीबाई पैरामेडिकल कॉलेज के ऑडिटोरियम में इस कार्यक्रम
का आयोजन किया जा रहा है।


इसी संबंध में श्री शर्मा ने आज पत्रकार वार्ता के दौरान बताया कि मन की बात कार्यक्रम के माध्यम से प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी देश की जनता के साथ जुडकर महत्वपूर्ण बिंदुओं पर बात करते हैं। पैरामेडिकल कॉलेज में कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में लोग आयें । विपक्षी दलों के लोग भी यदि कार्यक्रम में आना चाहें तो उनका भी स्वागत है।
उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम 52 भाषाओं एवं बोलियों जिनमें 11 विदेशी भाषाएं शामिल हैं, में प्रसारित होती हैं।
उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम देश के 100 करोड़ लोग कम से कम एक बार सुन चुके हैं। 23 करोड़ लोग नियमित रूप से ‘मन की बात’ को सुनते हैं। आईआईएम रोहतक ने ‘मन की बात’ को लेकर एक स्टडी की है। यह स्टडी प्रसार भारती ने कराई है। इस स्टडी में सामने आया कि 17.6 प्रतिशत लोग मन की बात को रेडियो पर सुनते हैं। 44.7 प्रतिशत लोग टीवी और 37.6 प्रतिशत लोग मोबाइल पर सुनते हैं।
सांसद ने कहा कि इस कार्यक्रम के 73वें संस्करण में झाँसी की बेटी गुरलीन चावला का जिक्र करते हुए कहा था कि बुंदेलखंड में स्ट्रॉबेरी की खेती को लेकर उत्साह बढ़ रहा है। इसमें झांसी की एक बेटी गुरलीन चावला ने बहुत बड़ी भूमिका निभाई है।
इसी प्रकार, मई 2020 को प्रसारित कार्यक्रम में प्रधानमंत्री द्वारा ललितपुर के एक छोटे से गांव से निकले
योग गुरु सोहन सिंह यादव की सराहना की , जो चीन के साथ-साथ कई देशों में भारतीय योग संस्कृति का झंडा बुलंद कर रहे हैं। यह हमारे क्षेत्र के लिए गर्व की बात है।
कार्यक्रम के 92वें संस्करण में, ललितपुर के महरौनी ब्लॉक क्षेत्र के निवारी गांव में बनाए गए अमृत सरोवर की
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी मन की बात के दौरान सराहना की थी। प्रधानमंत्री ने कहा था कि ललितपुर में नवनिर्मित शहीद भगत सिंह अमृत सरोवर भी लोगों को काफी आकर्षित कर रहा है। यहां की निवारी ग्राम पंचायत में बना ये सरोवर 4 एकड़ में फैला है। सरोवर किनारे हुआ वक्षारोपण इसकी शोभा बढ़ा रहा है। सरोवर के पास 35 फीट ऊंचा तिरंगा लगाया गया है, जिसे देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं। उन्होंने ग्राम प्रधान राजीव बाजपेई की कार्यप्रणाली को भी सराहा।
उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम इतना लोकप्रिय है कि 27 जनवरी 2015 में अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति बराक ओबामा ने भी प्रधानमंत्री जी के साथ इस कार्यक्रम में भाग लिया तथा भारत की जनता के पत्रों के उत्तर दिए। उन्होंने बताया कि मन की बात के सभी एपिसोड में एक अंतर्निहित विषय रहा लोगों के साथ संबंध स्थापित करना। प्रधानमंत्री जी एक ऐसा वातावरण निर्माण करने के लिए जाने जाते हैं, जहां लोग उनसे खुलकर बात कर सकते हैं।
सांसद अनुराग शर्मा ने कहा कि सभी प्रसारणों का उद्देश्य राष्ट्र निर्माण के साथ चरित्र-निर्माण करना है। ‘सेल्फी विद डॉटर’ अभियान के माध्यम से बालिकाओं की गरिमा को बढ़ावा देने का अभियान हो,सभी का उद्देश्य चरित्र निर्माण था। चाहे कोविड 19 महामारी का कठिन समय हो या देश के सामने कोई अन्य त्रासदी, प्रधानमंत्री मोदी ने हमेशा ऐसे समय में आशा की किरण दिखाई है। उनके भरोसा देने वाले शब्द नागरिकों के लिए उत्साहजनक और सुकून देने वाले रहे हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने संस्कृति, लोक परंपराओं, भाषा, लोगों की कहानियां और त्यौहार जो पहले मुख्यधारा में शामिल नहीं थे उनसे अवगत करवाने के लिए प्रभावी ढंग से इस मंच का उपयोग किया है। उन्होंने उन लोगों और उन क्षेत्रों को शामिल किया,जो भारत गाथा का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश के सुदूर स्थनों की हमारी संस्कृति, कहानियों और परंपराओं के बारे में बात की। उन्होंने सफलतापूर्वक विभिन्न पीढ़ियों के बीच एक पुल बनाया है और उन सभी को एक मंच पर लाने का प्रयास किया। मन की बात के माध्यम से प्रसारित बातचीत और विचारों ने राष्ट्रीय पुनरुत्थान को गति दी है।
मन की बात कार्यक्रम के हर ऐपिसोड में श्रोताओं की संख्या बढ़ी है।
इस कार्यक्रम के माध्यम से प्रधानमंत्री जी ने कई सामाजिक अभियानों को गति दी है।
उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम के माध्यम से आज 95 प्रतिशत खिलौना उद्योग घरेलू उद्योग बन गया है।
घरेलू पर्यटन को बढ़ावा मिला है। जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ी है। ‘अमृत सरोवरों’ का निर्माण कार्य इसका एक जीता-जागता उदाहरण हैं। पर्यावरण संरक्षण एक आंदोलन बना है। स्वच्छता अभियान सफल हुआ है।
कोरोना प्रबंधन में सहायता मिली है। टीकाकरण अभियान एक जनआंदोलन बना देश में रिकॉर्ड टीकाकरण संभव हुआ। कठिन परिस्थितियों में भी देश का मनोबल बना रहा है। कोरोना काल में ऑक्सीजन पहुंचाने जैसे सराहनीय
कार्य के लिए प्रधानमंत्री ने ट्रक ड्राईवर एवं पायलट से इस कार्यक्रम के माध्यम से बात कर उनका मनोबल बढ़ाया तथा देश के सामने सराहनीय कार्य करने वालों का उत्साहवर्धन किया। ‘हर घर तिरंगा अभियान’, सामूहिक भागीदारी एवं
राष्ट्रव्यापी उत्सव में परिवर्तित हुआ। इस कार्यक्रम से प्रधानमंत्री जी के संवेदनशील, दूरदर्शी एवं सशक्त जननेता की छवि जन-जन तक पहुंची है। मन की बात नागरिकों के व्यवहार, विचार एवं मनोस्थिति को सकारात्मक रूप से प्रभावित करती है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2014 में सत्ता संभालने के बाद रेडियो पर ‘मन की बात’ कार्यक्रम की घोषणा की थी।
इसके जरिए वो देश को लोगों से विभिन्न विषयों पर बात करते हैं और अपने सुझाव रखते हैं।
सांसद अनुराग शर्मा ने बताया कि कल पैरामेडिकल कॉलेज झाँसी के ऑडिटोरियम में “मन की बात” कार्यक्रम के 100वें संस्करण के प्रसारण को वृहद रूप से भारी संख्या में एकत्रित होकर सुनेंगें I इस अवसर पर उन्होंने सभी सम्मानित पत्रकार बंधुओं से कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर कार्यक्रम को सुनने हेतु आमंत्रित भी किया ।
वैभव सिंह
बुंदेलखंड कनेक्शन
